किस तरह मनसे (MNS) के पदमराव राणे उपाध्यक्ष (फिल्म) (MNS Vice President Film) और मनसे के कार्यकर्ताओ द्वारा एक लड़की की महिमा को बचाया गया।
यह हादसा मुंबई के गोरेगांव का है जब एक संघर्ष कर रही अभिनेत्री (Struggler Actress) को फ़ोन कर एक व्यक्ति ने कहा की तुम्हे फिल्मो में काम के लिए चुन लिया गया हैं लेकिन उसके लिए तुम्हे हमें और हमारे लखनऊ के प्रोडूसर (Producer) को खुश करना होगा। यह सुनते ही उस बहादुर लड़की ने मनसे के कार्यकर्ताओ से संपर्क किया और सारी बातें बताई। तब वह लोगो ने फैसला किया की जैसा उनलोगो ने करने कहा है वैसे ही करेंगे और उन्हें रंगे हाथ पकड़ेंगे।
फिर उस लड़की को उन संदिग्ध व्यक्ति (Suspect Persons) में से एक ने फ़ोन कर गोरेगांव ईस्ट के ओबेरॉय मॉल के पास बुलाया और उस लड़की को वे लोग एक कार में बैठा कर ठाणे के घोड़बंदर रोड पर एक फार्म हाउस ले गए उस बिच मनसे के लगभग 25-30 कार्यकर्ता भी उनका पीछा कर रहे थे जिनमें महिला कार्यकर्ता भी शामिल थी।
फिर क्या था वे लोगों ने उन सारे संदिग्ध व्यक्तियों को पकड़ा और उन्हें खूब पीटा। उन संदिग्ध व्यक्तियों में से एक महिला भी हैं, उन सब के नाम कुछ इस प्रकार हैं :
1. गिरिजेश यादव।
2. बिरलाल यादव।
3. राहुल यादव, और,
4. कंचन यादव।
मनसे के कार्यकर्ताओ ने उन्हें खूब पीटा और उन्हें पुलिस के हवाले कर दिया। पुलिस आगे की जाँच कर रही हैं, उस लड़की का नाम गोपनीय (secret) ही रखा गया हैं।
उस लड़की की बहादुरी और मनसे के कार्यकर्ताओ के काम को मुंबई का स्वाभिमान द्वारा सलाम !